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हिमानी बहुगुणा


हिमानी बहुगुणा

चंडीगढ़ के एक सरकारी स्कूल में पढ़ने वाला छात्र जो कि एक एवरेज स्टूडेंट रहा हो अब वह गूगल में नौकरी करने जा रहा है और हर महीने उसकी तनख्वाह 12 लाख रुपए होगी। हम बात कर रहे हैं सरकारी मॉडल सीनियर सेकेंड्री स्कूल से अभी आईटी स्ट्रीम से बारहवीं करने वाले हर्षित शर्मा की। 


हर्षित अपनी इस कामयाबी पर काफी खुश है लेकिन उसे अभी भी विश्वास नहीं हो रहा है कि उसके जैसे एक एवरेज छात्र को गूगल में नौकरी मिली है। हर्षित ने कहा कि मैं बता नहीं सकता कि मैं कैसा महसूस कर रहा हूं। मुझे ऐसा लग रहा है कि जैसे मेरा सपना पूरा हो गया है। मेरी मेहनत रंग लाई है।


फिलहाल शुरुआत में एक साल हर्षित को ट्रेनिंग पर रखा जाएगा और उसके लिए उसे हर महीना 4 लाख रुपए सैलरी दी जाएगी। ट्रेनिंग खत्म होने के बाद हर्षित को हर महीने 12 लाख रुपए सैलरी मिलेगी। गूगल द्वारा हर्षित को ग्राफिक डिज़ाइनर के तौर पर नियुक्त किया गया है।


 चंडीगढ़ न्यूज़लाइन से अपनी इस कामयाबी की बात करते हुए हर्षित ने कहा कि जब वह दस साल का था तब से ही उसका झुकाव ग्राफिक डिज़ाइनिंग सीखने की तरफ हो गया था। इसके बाद उसने निर्णय किया कि वह गूगल में नौकरी करेगा और तब से ही उसने अपने सपने को सच करने के लिए मेहनत करना शुरु कर दिया। हर्षित शर्मा ने गुप्त रूप से अपने एक अंकल से ग्राफिक डिज़ाइनिंग की ट्रेनिंग लेने लगा। हर्षित 7 अगस्त को गूगल में ट्रेनिंग करने के लिए कैलिफोर्निया जाएगा।



हर्षित ने कहा कि मैंने कभी नहीं सोचा था कि मुझे गूगल द्वारा चुना जाएगा। मैंने अपने अंकल रोहित शर्मा से ग्राफिक डिज़ाइनिंग सीखना शुरु किया था। धीरे-धीरे यह मेरा जुनून बन गया और फिर मैं गूगल में नौकरी पाने का सपना देखने लगा। आज मुझे जो भी कुछ मिला है वो केवल मेरे अंकल की वजह से मिला है क्योंकि मैंने कभी भी ग्राफिक डिज़ाइनिंग सीखने के लिए किसी इंस्टीट्यूट में दाखिला नहीं लिया जो कुछ भी सीखा अपने अंकल से सीखा है। वहीं हर्षित के गूगल में जाने से खुश उसके स्कूल के प्रिंसीपल इंद्र बेनीवाल ने कहा कि मैं बहुत खुश हूं और मुझे हर्षित पर काफी गर्व है।




सोर्स:जनसत्ता
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 kapil sharma

आजकल कपिल शर्मा के सितारे गर्दिश में है. सुनील ग्रोवर और कपिल का मामला खत्म नहीं हुआ था कि एक और मामला सामने आया है. इस बार कीकू और भारती के भिड़ने की खबर आई है.


दरअसल उनके शो के दो स्टार्स आपस में भिड़ गए हैं. कीकू शारदा और भारती सिंह के बीच कोल्ड वार होने की खबरें सामने आ रही हैं. दोनों ही एक्टर्स कॉमेडी सर्कस में साथ में परफॉर्म किया करते थे.


 भारती के साथ हुए मनमुटाव के बाद कीकू ने शो छोड़ दिया था. हालांकि भारती और कीकू ने इन खबरों को महज अफवाह करार दिया है. रिपोर्ट्स की मानें तो कीकू और भारती शो में एक दूसरे साथ कम्फर्टेबल नहीं हैं और दोनों के बीच खटपट चल रही है. 

 
आपको बता दें कि ऑस्ट्रेलिया से लौटते वक्त विमान में हुई लड़ाई के बाद जब सुनील ग्रोवर, अली असगर और सुगंधा मिश्रा जैसे कलाकारों ने कपिल से किनारा किया तो भी कीकू कपिल के साथ खड़े रहे हैं और अपने जोक्स से दर्शकों का मनोरंजन करते रहे.


कुछ समय पहले खबर आई थी कि भारती सिंह को 'द कपिल शर्मा शो' में अपना एंट्री सीन नहीं पसंद आया और इसीलिए वो बिना शूट किए सेट से चली गई थीं. 


लेकिन इन खबरों का खंडन करते हुए भारती ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर कपिल शर्मा संग तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा, किसने कहा कि मैं 'द कपिल शर्मा शो' के लिए शूट नहीं कर रही हूं. 


खबर थी कि भारती के बॉयफ्रेंड हर्ष की सहमति के बाद ही इस सीन को तय किया गया था. लेकिन भारती को यह बिल्कुल पसंद नहीं आया और वह इसे सिरे से बदलना चाहती हैं. यह बात उन्होंने खुले तौर पर कपिल शर्मा की टीम को कह दी है.


हालांकि इस मुद्दे पर भारती को मनाने की काफी कोशिश की गई लेकिन भारती ने किसी की नहीं सुनी और उन्होंने शूट कैंसल कर दिया.



सोर्स:आजतक

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missile man Dr.APJ Abdul Kalam inspiration to young scientist


भारत के पूर्व राष्ट्रपति और मिसाइल मैन डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की बदौलत भारत आज परमाणु महाशक्ति बन गया है। पहले परमाणु परीक्षण से लेकर मिसाइल टेक्नोलॉजी के जनक डॉ. कलाम अब इस दुनिया में नहीं रहे, लेकिन आज भी उनके दिखाए रास्ते पर चलकर दुनिया की सबसे खतरनाक मिसाइल बनाने में जुटे हैं


missile 


दरअसल, भारतीय वैज्ञानिक एक ऐसी मिसाइल पर काम कर रहे हैं, जो भगवान श्री कृष्ण के सुदर्शन चक्र की तरह अपने लक्ष्य को भेदकर वापस आ जाएगी। भारतीय वैज्ञानिकों को कई मायनों में सफलता भी मिल चुकी है। 

missile 


बता दें कि इस बेहतरीन मिसाइल को तैयार करने का श्रेय डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम को दिया गया है। वैज्ञानिकों के मुताबिक, पूर्व राष्ट्रपति के पुराने नोट्स इस मिसाइल के निर्माण में काफी मदद कर रहे हैं।


वैज्ञानिकों का कहना है कि अगर सबकुछ ठीक रहा तो ब्रम्होस सीरीज की आने वाली मिसाइलें लक्ष्य भेदकर वापस लौटने वाली दुनिया की पहली मिसाइल बन जाएगी। आपको बता दें कि भारत के पास अभी तक सबसे लंबी दूरी तक मार करने वाली अग्नि-5 की मारक क्षमता 6000 किमी है, यानी इसकी जद में आधी दुनिया है। 

brahmos missile 


ब्रह्मोस एरोस्पेस के सीईओ के अनुसार, पूरी दुनिया के पास अभी तक ऐसी मिसाइलें हैं, जो लक्ष्य भेदने के साथ वहीं पर समाप्त हो जाती हैं। लेकिन हम ठीक वैसी मिसाइल बना रहे हैं, जैसे सुदर्शन चक्र दुश्मन पर वार कर वापस लौट आता था।




सोर्स:लाइव इंडिया

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 At Reliance AGM, Mukesh launches JioPhone which is effectively free

रिलायंस इंडस्ट्रीज़ पचास तरह के काम करती है. लेकिन फिलहाल रिलायंस इंडस्ट्रीज़ का सबसे जाना-पहचाना इंट्रो यही है कि वो जियो की मालिक है. तो जब रिलायंस इंडस्ट्रीज़ के मालिक मुकेश अंबानी कंपनी की सालाना जनरल बॉडी मीटिंग में बोलने खड़े हुए, पब्लिक कान की फ्रीक्वेंसी ‘जियो’ शब्द सेट कर के सुनने लगी.


अंबानी ने भी निराश नहीं किया. डाटा खपा-खपा कर अघा चुके लोगों के लिए उनका नया वरदान था, JioPhone. अब तक जीयो की Volte सर्विस के लिए आपके पास एक स्मार्ट फोन होना ज़रूरी था. JioPhone एक फीचर फोन होगा. आम भाषा में सादा फोन. जैसा स्मार्ट फोन के आने से पहले एक ज़माने में मोबाइल हुआ करता था.


इससे पहले आप चप्पल झाड़कर लाइन में लगने के लिए तैयार हों, जान लीजिए कि JioPhone है क्या बलाः

# JioPhone सितंबर से मिलना शुरू होगा. इसके लिए प्रीबुकिंग 24 अगस्त से शुरू हो जाएगी.


# जियो की तरह ही JioPhone भी फ्री ऑफर के साथ आता है. आपको फोन खरीदने के लिए 1500 रुपए सेक्योरिटी डिपॉज़िट के तौर पर देने है. कंपनी 3 साल बाद इसे वापस कर देगी.


# जियो फोन पर वॉइस कॉल हमेशा के लिए मुफ्त रहेंगे.


# JioPhone 153 रुपए में अनलिमिटिड डाटा का ऑफर आएगा.


# जियो फोन को आप टीवी से जोड़ पाएंगे. इसमें ऐसा जुगाड़ होगा कि स्मार्ट टीवी से भी जुड़ जाए और पुराने डिब्बा टीवी से भी.



सोर्स:लल्लनटॉप
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 here is the list of launched smartphones

स्मार्टफोन निर्माता कंपनियों Kodak, Alcatel और Ziox ने मोबाइल बाजार में कई हैंडसेट्स तीन हैंडसेट्स लॉन्च किए गए हैं। फोटोग्राफी के शौकीन यूजर्स के लिए Kodak ने Ektra स्मार्टफोन लॉन्च किया है। इस स्मार्टफोन की कीमत 19,990 रुपये है। इसकी बिक्री ई-कॉमर्स वेबसाइट फ्लिपकार्ट पर शुरु हो गई है। 


तो वहीं, Alcatel ने Idol 4 Pro पेश किया है जिसकी कीमत 419.99 ग्रेट ब्रिटेन पाउंड यानि करीब 35,000 रुपये है। इसके अलावा Ziox ने S333 Wi-Fi मार्किट में उतारा है। इसकी कीमत 1,993 रुपये है।


Kodak Ektra की खासियत:

Kodak Ektra 

इसे खासतौर से फोटोग्राफर्स के लिए ही बनाया गया है। इसमें 21 मेगापिक्सल का रियर कैमरा दिया गया है। इसका रियर कैमरा फास्ट-फोकस कैमरा सेंसर, f/2.0 अपर्चर और ड्यूल एलईडी फ्लैश से लैस है। साथ ही इसमें 13 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा दिया गया है जो PDAF और f/2.2 अपर्चर से लैस है। इसका कैमरा DSLR जैसे सीन सेलेक्शन डायल के साथ आता है। 


इसमें कस्टमाइज्ड कैमरा एप दी गई है। इसमें यूजर्स को सीन सेलेक्शन डायल के दौरान रीयल टाइम सेटिंग्स का मौका मिलता है। इसमें HDR, लैंडस्केप, पोट्रेट, मैक्रो, स्पोर्ट, नाइट टाइम और पैनोरामा आदि शामिल हैं।

अन्य फीचर्स:

इसमें 5 इंच का फुल एचडी डिस्प्ले दिया गया है। यह फोन 2.3 गीगाहर्ट्ज हेलियो एक्स20 डेकाकोर प्रोसेसर और 3 जीबी रैम से लैस है। इसमें 32 जीबी की इंटरनल मैमोरी दी गई है। फोन को पावर देने के लिए इसमें 3000 एमएएच की बैटरी दी गई है।


Alcatel Idol 4 Pro के फीचर्स:

Alcatel Idol 4 Pro  

इसमें 5.5 इंच का फुल एचडी एमोलेड डिस्प्ले दिया गया है। यह फोन स्नैपड्रैगन 820 क्वाड-कोर चिपसेट और 4 जीबी रैम से लैस है। इसमें 64 जीबी की इंटरनल स्टोरेज दी गई है, जिसे माइक्रोएसडी कार्ड के जरिए 512 जीबी तक बढ़ाया जा सकता है। 


यह फोन विंडोज 10 पर आधारित है। फोटोग्राफी के लिए इसमें 21 मेगापिक्सल का रियर कैमरा दिया गया है जो टच फोकस और ड्यूल एलईडी फ्लैश से लैस है। साथ ही 8 मेगापिक्सल का फ्रंट कैमरा दिया गया है जो रियल-टाइम फेस ब्यूटिफिकेशन और एलईडी फ्लैश से लैस है।


बैटरी और कनेक्टिविटी:

फोन को पावर देने के लिए इसमें 3000 एमएएच की बैटरी दी गई है। कंपनी ने दावा किया है कि यह बैटरी क्विक चार्ज 2.0 तकनीक से लैस है। इसकी बैटरी 95 मिनट में फुल चार्ज हो जाती है। 


यह 20 घंटे तक का टॉक टाइम और 420 घंटे तक का स्टैंडबाय टाइम देने में सक्षम है। कनेक्टिविटी के लिए इसमें 4जी एलटीई (कैट 6.), वाई-फाई 802.11 ए/बी/जी/एन/एसी, वाई-फाई डायरेक्ट, एनएफसी, ब्लूटूथ 4.1, जीपीएस और यूएसबी टाइप-सी पोर्ट (ओटीजी सपोर्ट) जैसे फीचर्स दिए गए हैं।


Ziox S333 Wi-Fi:

Ziox S333 Wi-Fi: 

यह फोन वाई-फाई फीचर से लैस है। भारतीय मार्किट में इसकी कीमत 1,993 रुपये है। इसमें 2.4 इंच का डिस्प्ले दिया गया है। इसमें 1750 एमएएच की बैटरी दी गई है। इसमें 32 जीबी के माइक्रोएसडी कार्ड से इंटरनेट मैमोरी को बढ़ाया जा सकता है। इस फोन में कई भाषाओं का सपोर्ट दिया गया है। साथ ही इसमें एफएम रेडियो रिकॉर्डिंग फीचर भी दिया गया है।




सोर्स:जागरण.कॉम
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 india china tension modi govt to constructing 73 roads along china border

भारत और चीन के बीच लगातार तल्खियां बढ़ती जा रही हैं. सीमा पर हरकतें करने के साथ चीन और वहां की मीडिया भारत पर दबाव बनाने के लिए लगातार प्रोपेगेंडा भी कर रहा है. ऐसे में हर भारतीय के जेहन में सवाल उठना लाजमी है कि क्या भारत सरकार चीन को नियंत्रित करने के लिए क्या कर रहा है? 


हाल के दिनों के रक्षा और गृह मंत्रालय के हवाले से मीडिया में छपी खबरों पर गौर करेंगे तो पता चलता है कि भारत सरकार कई ऐसे काम कर रही है, जिससे चीन अपनी हदें न पार कर सके. एक तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री सुषमा स्वराज दुनिया की दूसरे ताकतवर देशों को अपने साथ खड़े करने में लगे हैं, ताकि कूटनीतिक तरीके से चीन पर दबाव बनाया जा सके. दूसरी तरफ भारत सरकार चीन से सटे इलाकों में कई तैयारियां भी कर रही हैं. आइए उन तैयारियों पर एक नजर डालते हैं.



चीन को उसी के प्लान से मात देने की तैयारी

चीन की लगातार कोशिश रही है कि वह बॉर्डर इलाके में इतनी सुविधाएं बना ले ताकि उसके जवान भारत की सीमा तक आसानी से पहुंच सकें. इसके लिए वह लगातार सीमावर्ती इलाकों में सड़क निर्माण करवा रहा है. पिछले कुछ समय से चीन चुंबी घाटी में सड़कें बनाने में जुटा है. उसी को भारतीय सैनिकों ने रोक दिया.


 इसी बात को वह पचा नहीं पा रहा है. चीन जिस जगह सड़के बनाने पर अड़ा हुआ है, वह मैक मोहन लाइन के मुताबिक भारत के क्षेत्र में पड़ता है, पर चीन 1914 के इस समझौते को मानता ही नहीं और उसे अपना हिस्सा बताता है.




चीन के इसी तरीके को अपनाते हुए भारत ने भी उसे जवाब देने का फैसला किया है. भारत सरकार अब चीन सीमा के आसपास 73 सड़कें बनवाने जा रही है. पहले भारत की रणनीति थी कि अगर बॉर्डर इलाके वीरान होंगे तो युद्ध जैसे हालात बनने पर चीनी सेना को भारतीय सीमा में घुसने में मुश्किलें होंगी. 


वहीं चीन ठीक इससे उलट बॉर्डर इलाकों में जानबूझकर सड़कें बनवाता रहा. भारत ने उसकी रणनीति को भांपते हुए सड़कें बनवाने का फैसला किया है, ताकि युद्ध की दशा में इन सड़कों के माध्‍यम से आसानी से आवागमन हो सके. गृह राज्‍यमंत्री किरण रिजिजू ने मंगलवार को लोकसभा में इस बात की जानकारी दी.




रक्षा मंत्रालय के खर्चे से बनेंगी 46 सड़कें

किरण रिजिजू ने बताया है कि चीन के बॉर्डर इलाकों में रक्षा मंत्रालय के खर्च से 46 सड़कों का निर्माण कराया जाएगा. वहीं 27 सड़कों का निर्माण गृह मंत्रालय करवाएगा. किरण रिजिजू ने अपने जवाब में कहा कि 30 सड़कों का निर्माण लगभग-लगभग पूरा भी हो चुका है.




पांच साल पहले ही बन जानी थीं सड़कें

इन 73 सड़कों का निर्माण साल 2012-13 तक हो जाना था. निर्माण में हुई देरी पर किरण रिजिजू ने बताया कि ये इलाके काफी ऊंचाई पर हैं. साथ ही यहां बीहड़, कठिन इलाके और प्राकृतिक आपदाओं के चलते भूमि अधिग्रहण को लेकर खासा परेशान सामने आ रही थी. उन्‍होंने बताया कि सैन्‍य अधिकारियों के साथ मुलाकात के बाद इस मुद्दे को सुलझा लिया गया है.



मालूम हो कि जम्मू-कश्मीर से लेकर अरूणाचल प्रदेश तक भारत और चीन की सीमा की लंबाई 3,488 किलोमीटर है. इसका 220 किलोमीटर लंबा खंड सिक्किम में आता है. पिछले दिनों चीनी और पाकिस्तानी मीडिया ने भारतीय फौजियों पर हमले का भ्रम फैला रहा है.



सोर्स:NDTV
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myths related to month of sawan and lord shiva


सावन का पवित्र महीना चल रहा है. वैसे तो सारे महीने पवित्र हैं लेकिन सावन भोलेनाथ के लिए रिजर्व है. दिल्ली से लेकर हरिद्वार तक के नेशनल हाईवे कांवड़ियों से भरे हुए हैं. फुल स्पीड में गाजा बाजा डीजे भजन डांस चल रहा है. हमारे व्हाट्सऐप से लेकर फेसबुक तक पर “सावन में न करें ये काम नहीं तो भोले रूठ जाएंगे” वाले मैसेज और पोस्ट आ रहे हैं. इन मैसेजेस में कुछ सच्चाई भी है लेकिन कई सारी चीजें टोटल झुट्ठी हैं.


 अगर भोले को पता चल गया कि लोगों ने उनके नाम से झूठ फैला रखा है तो क्रोधित हो जाएंगे. तांडव तो वो बहुत रेयर कंडीशन में करते हैं. लेकिन फिर भी छोटा मोटा श्राप तो दे ही सकते हैं. इसलिए इन मिथ्स को जान लें और इनसे बचने को तैयार रहें.


1. दूध का सेवन न करें:


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हर साल सावन में ये मैसेज आता है कि सावन में दूध का सेवन नहीं करना चाहिए. वैज्ञानिकों के अनुसार इस महीने दूध में वात बढ़ जाता है. व्हाट्सऐप वैज्ञानिकों के मुताबक घास पर कीड़े मकोड़े बढ़ जाते हैं जिनको गौमाता घास के साथ खा जाती हैं. इसलिए दूध हानिकारक हो जाता है.  



कीड़े मकोड़ों वाला लॉजिक बचकाना है जो सच्ची में गाय चराने जाता है वो जानता होगा. घर में भी हरा चारा काटने के दौरान सिर्फ सावन में कीड़े आ जाते हों, ऐसा नहीं होता. घास के पास जाते ही कीड़े फुर्र से उड़ जाते हैं. 



साथ ही ये लॉजिक भी दिया जाता है कि इसी वजह से दूध शिव जी को चढ़ा दिया जाता है, खुद सेवन नहीं किया जाता. ये तो और गलत बात है. मतलब जिससे तुम्हारा नुकसान होने वाला है वो भोले को अर्पण कर दो. उनको बेवकूफ समझ रखा है क्या. वो विष पी लेते हैं तो मतलब ये नहीं कि जिस दूध में तुमको विष नजर आ रहा है वो उनको पिला दो. शर्म करो, वो भगवान हैं, उन्हें दूध की कमी नहीं है जो तुम्हारा कथित विषैला दूध पिएंगे.



2. बैंगन नहीं खाना+मांसाहार से बचना:


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बैंगन के बारे में भी यही बात है कि इसमें सावन में कीड़े पड़ जाते हैं. सावन में मांस का सेवन वर्जित है इसलिए बैंगन नहीं खा सकते. मांस वाला लॉजिक तो सही नहीं है क्योंकि कीड़ों में मांस और हड्डी कुछ नहीं होता है. लेकिन कीड़े वाली सब्जी खाना बहुत यक्की मामला है, मांसाहारी लोग भी नहीं खाते हैं. 


यहां सब बेयर ग्रिल्स थोड़ी हैं. हां जीव हत्या वाला मामला सही है. लेकिन अगर भोलेनाथ जीव हत्या से नाराज होते हैं तो साल के 365 दिन नाराज होंगे. इसलिए अगर कीड़े वाला बैंगन नहीं खाना है या मांसाहार नहीं करना है तो पूरे साल नहीं करना है, उसके लिए सावन का इंतजार मत कीजिए.


3. बुरे विचारों से बचें:

पता नहीं इस लॉजिक का सिर्फ सावन से क्या संबंध है? बुरे विचारों से बचने के लिए किसी सावन भादों की जरूरत नहीं है. कहते हैं कि स्त्रियों के प्रति भी बुरे विचार मन में नहीं लाने चाहिए. नहीं तो पूजा में मन नहीं लगता. 


भोले अंतर्यामी हैं, वो सावन के अलावा बाकी महीनों में ऑफलाइन नहीं रहते हैं. अगर आप उनके सच्चे भक्त हैं तो हमेशा राडार पर रहेंगे और जैसे ही सावन बीता और आपने बुरे विचार मन में लाए, उसी दिन से भगवान भोलेनाथ रुष्ट हो जाएंगे. बुरे विचार यानी निगेटिव एनर्जी, इनसे पूरे साल बचकर रहना चाहिए, पूजा में लगे हों या नहीं, तभी करियर में पढ़ाई में या फैमिली में तरक्की होगी.


4. इन खास लोगों का भूलकर न करें अपमान:


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बूढ़े बुजुर्ग, गुरु, पति या पत्नी, मां बाप, भाई बहन और ऐसे तमाम लोगों का सावन में अपमान न करें नहीं तो भोले क्रोधित हो जाएंगे. सावन बीतने के बाद क्या शिव जी भूल जाएंगे कि आपने पूरे महीने उनको धोखे में रखा. सावन बीतते ही अपनी औकात में आ गए?


 भैये इनका क्या किसी का भी अपमान करने का किसी को कोई हक नहीं है. भले वो सावन में व्रत रहता हो या न रहता हो. सिर्फ सावन में ही नहीं, पूरे साल के लिए सोचकर रखिए कि किसी को दुख नहीं देना है. अपमानित नहीं करना है. भारत का सबसे बड़ा महाकाव्य रचने वाले वेद व्यास इसके बारे में क्या कहते हैं, वो याद कर लो तो सारी जिंदगी संवर जाएगी.


अष्टादश पुराणेषु व्यासस्य वचनद्वयम् |
परोपकारः पुण्याय पापाय परपीडनम् ||

अर्थात व्यास के 18 पुराणों में सिर्फ दो ही बातें लिखी हैं. दूसरों पर उपकार करना पुण्य है और किसी का दिल दुखाना सबसे बड़ा पाप है.

 
5. सुबह बिस्तर जल्दी छोड़ें:

कहते हैं कि सावन में यदि भगवान भोलेनाथ की कृपा प्राप्त करनी है तो सुबह जल्दी जागना होगा. सिर्फ सावन में जल्दी उठने से क्या होगा. ये वही लॉजिक है कि संडे को देर तक सो लो तो पूरे हफ्ते की थकान उतर जाती है. या दो दिन न खाओ उसके बाद दोनों दिन का एक ही दिन खा लो तो पेट दो दिन की भूख कवर कर लेगा. 


भैया अगर स्वस्थ रहना है, काम में तरक्की करनी है, शिव जी को प्रसन्न करना है तो सिर्फ एक महीने से कुछ नहीं होगा. सावन का महीना स्पेशल है लेकिन बाकी के महीने शिव सोते नहीं रहते हैं.



6. पति-पत्नी के लिए खास सूचना:

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पति पत्नी को सावन के महीने में एक दूसरे से दूर रहना है अर्थात ब्रह्मचर्य का पालन करना है. नहीं तो भोलेनाथ कुपित हो जाएंगे. ऐसा कहा जाता है कि इस महीने में संभोग करने से गर्भ धारण करने के ज्यादा चांसेज रहते हैं. और व्रत उपवास कर रही महिला कमजोर होती है इसलिए गर्भ उसके लिए खतरनाक हो सकता है. पहली बात तो ये कि सबसे ज्यादा गर्भ धारण फरवरी में होते हैं क्योंकि उसी महीने में वैलेंटाइन्स डे होता है. दूसरी बात सावन में अगर गर्भ धारण हो भी जाता है तो उसका बुरा असर नहीं पड़ने वाला. गर्भ की प्रोसेस 9 महीने की होती है, सावन के व्रत उपवास का असर 9 महीनों तक नहीं रहता. हां ये अलग बात है कि व्रत उपवास के समय सेक्स का मन शायद ही लोगों का बनता हो. और अगर किसी एक का बनता भी होगा तो दूसरा भी तैयार हो, ऐसा नहीं लगता.


7. शराब से दूर रहें:

सावन के महीने में शराब से दूर रहना चाहिए क्योंकि इससे शरीर का तापमान बढ़ता है. ठंढाई से नहीं बढ़ता तभी तो उसका नाम ठंढाई है. वैसे कुछ खाना या पीना पर्सनल मामला है, इस पर शिव जी ही रोक लगा सकते हैं. हम कुछ कहेंगे तो अभी ट्रोल कर लोगे. फिर भी बता रहे हैं कि कोई भी चीज जो आपके दिमाग पर कंट्रोल करे, वो खाना पीना ठीक नहीं है. अगर झेलने की ताकत है तो चाहे जो पियो, कच्ची या पक्की, खुशी में चाहे गम में, लेकिन एक ढक्कन में चढ़ जाती है तो क्या सावन क्या भादों, हाथ जोड़ लो, भगवान भोलेनाथ कल्याण करें.



सोर्स:लल्लनटॉप
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